भारत और आसियान के बीच क्षेत्रीय मूल्य श्रृंखला विकास के अवसरः इंडिया एक्ज़िम बैंक
इंडिया एक्ज़िम बैंक ने 18 अक्टूबर 2021 को “भारत-आसियान संबंधों का विस्तारः व्यवसाय के लिए नए क्षेत्र तलाशना” विषयक अपने वेबिनार के दौरान “मूल्य श्रृंखला विकासः भारत और आसियान देशों के लिए अवसर” विषयक अपने शोध अध्ययन का विमोचन किया। इस शोध अध्ययन का विमोचन सुश्री रीवा गांगुली दास, सचिव (पूर्व), विदेश मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा किया गया। इस दौरान इंडिया एक्ज़िम बैंक की प्रबंध निदेशक सुश्री हर्षा बंगारी, आसियान-भारत व्यवसाय परिषद के को-चेयर श्री दातो रमेश कोडामल और प्रो. सचिन चतुर्वेदी, महानिदेशक, शोध एवं विकासशील देशों के लिए अनुसंधान एवं सूचना प्रणाली (आरआईएस) उपस्थित रहे।
आसियान-भारत केंद्र (AIC) और आसियान-भारत व्यवसाय परिषद के साथ मिलकर, इंडिया एक्ज़िम बैंक द्वारा18वें आसियान-भारत शिखर सम्मेलन 2021 के क्रम में, 18 अक्टूबर, 2021 को “भारत-आसियान संबंधों का विस्तारः व्यवसाय के लिए नए क्षेत्र तलाशना” विषय पर एक वेबिनार आयोजित किया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि सुश्री रीवा गांगुली दास, सचिव (पूर्व), विदेश मंत्रालय, भारत सरकार ने भारत और आसियान देशों के बीच एक विविध और लचीली आपूर्ति श्रृंखला के विकास की आवश्यकता पर ज़ोर दिया। सुश्री दास ने भारत और आसियान देशों के संबंधों को और मजबूत बनाने के लिए आपसी व्यापार और निवेश को बढ़ाने के अलावा डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य और दवाओं के क्षेत्र में सहयोग, सतत विकास और बढ़ती कनेक्टिविटी की महत्त्वपूर्ण भूमिका का भी उल्लेख किया।
वेबिनार के दौरान, सुश्री रीवा गांगुली दास, सचिव (पूर्व), विदेश मंत्रालय, भारत सरकार ने “मूल्य श्रृंखला विकासः भारत और आसियान देशों के लिए अवसर” विषयक इंडिया एक्ज़िम बैंक के शोध अध्ययन का विमोचन किया। इस दौरान इंडिया एक्ज़िम बैंक की प्रबंध निदेशक सुश्री हर्षा बंगारी, आसियान-भारत व्यवसाय परिषद के को-चेयर श्री दातो रमेश कोडामल और प्रो. सचिन चतुर्वेदी, महानिदेशक, शोध एवं विकासशील देशों के लिए अनुसंधान एवं सूचना प्रणाली (आरआईएस) उपस्थित रहे।
शोध अध्ययन में उल्लेख किया गया है कि आसियान, हमेशा भारत की एक्ट ईस्ट पॉलिसी का केंद्र बिंदु रहने के साथ-साथ भारत -प्रशांत आसियान संबंधित भारत के विज़न का भी केंद्र बिंदु रहा है। इस शोध अध्ययन के अनुसार 2025 तक आसियान और भारत के कुल सकल घरेलू उत्पाद के 8 ट्रिलियन यूएस डॉलर से भी ज्यादा हो जाने की उम्मीद है। शोध अध्ययन के अनुसार, माल करार में आसियान भारत व्यापार (AITIGA) के परिणामस्वरूप पिछले दशक में आसियान अर्थव्यवस्थाओं के साथ भारत का व्यापार लगभग दोगुना हो गया है, तथापि भारत के मामले में निर्यात के मुकाबले आयात में बहुत अधिक वृद्धि हुई है। द्विपक्षीय व्यापार संबंधों को लंबे समय तक बनाए रखने के लिए बढ़ता व्यापार घाटा चिंता का विषय है। भारत को आसियान देशों में कई मुख्य गैर-टैरिफ अवरोधों (एनटीबी) का भी सामना करना पड़ता है, जिसके चलते इस क्षेत्र में भारत का निर्यात सीमित हो गया है। परिणामस्वरूप इन समस्याओं पर विचार-विमर्श कर AITIGA में तत्काल समीक्षा की जरूरत है। इस शोध अध्ययन में भारत, चीन और आसियान देशों में वैश्विक मूल्य श्रृंखलाओं (GVCs) के रुझानों का तुलनात्मक विश्लेषण भी किया गया है। और ऐसे प्रमुख क्षेत्रों की भी अनुशंसा की गई है, जिनमें आसियान देशों के साथ क्षेत्रीय मूल्य श्रृंखला विकसित करने पर भारत को स्वाभाविक रूप से लाभ मिल सकता है।
इंडिया एक्ज़िम बैंक की प्रबंध निदेशक सुश्री हर्षा बंगारी ने अपने संबोधन में इस बात का उल्लेख किया कि भारत और आसियान देशों के आपसी संबंध हमेशा से ही मजबूत और सौहार्दपूर्ण रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि भारत और आसियान अर्थव्यवस्थाएं अब वापस सामान्य स्थिति की ओर लौट रहे हैं, तो अब हमें पारस्परिक व्यापार को सुदृढ़ बनाने के लिए यथाशीघ्र कार्रवाई करने की आवश्यकता है।
इसके बाद, आसियान-भारत केंद्र (एआईसी), आरआईएस के प्रोफेसर एवं समन्वयक, डॉ. प्रबीर दे की अध्यक्षता में आयोजित पैनल चर्चा में उपस्थित पैनलिस्टों ने भारत-आसियान व्यापार को प्रभावित करने वाले विभिन्न मुद्दों और आपसी संबंधों को सुदृढ़ बनाने पर चर्चा-परिचर्चा की। पैनल चर्चा के दौरान वक्ताओं के रूप में विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ उपस्थित रहे। इनमें व्यापार, निवेश और मूल्य श्रृंखला क्षेत्र से डॉ. राजन रत्न, उप प्रमुख और आर्थिक मामले के वरिष्ठ अधिकारी, यूनेस्कैप, नई दिल्ली; इन्फ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी क्षेत्र से प्रो. रूथ बनोमयोंग, अधिष्ठाता, थमासात बिज़नेस स्कूल; स्वास्थ्य, वैक्सीन और सहयोग क्षेत्र से कारलितो जी गाल्वेस, सेक्रेटरी, कनिष्ठ, ऑफिस ऑफ द प्रेसीडेंशियल एडवाइज़र ऑन द पीस प्रोसेस, चीफ इम्प्लीमेंटर एंड वैक्सीन ज़ार, कोविड -19 के खिलाफ राष्ट्रीय टास्क फोर्स, फिलीपींस सरकार; और डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र से श्री मोहम्मद इरशाद, आसियान के कॉर्पोरेट मामलों के प्रमुख, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज़ शामिल रहे।
विस्तृत जानकारी के लिए कृपया संपर्क कीजिएः
श्री डेविड सिनाटे, मुख्य महाप्रबंधक, शोध एवं विश्लेषण समूह, भारतीय निर्यात-आयात बैंक, केंद्र एक भवन, 21वीं मंज़िल, विश्व व्यापार केंद्र संकुल, कफ़ परेड, मुंबई - 400005, फोनः 91-22-22860 363, ईमेलः dsinate@eximbankindia.in
